1500 रूपये मासिक भत्ता योजना 2018-2019 | बेरोजगार और गरीब लोगों के लिए

Dated: February 5, 2017 | Updated On: April 9, 2019 | By: Karan Chhabra | | Beneficiary of Scheme: |
RS 1500 Monthly Allowance Scheme

बेरोजगार युवाओं के लिए मासिक बेरोजगारी और गरीबी भत्ता एक अच्छी योजना साबित हो सकती है लेकिन इस योजना को अमल में लाने और इसके सदुपयोग को सुनिश्चित करने में कई अड़चनें हैं। कुछ सूत्रों के अनुसार केंद्र सरकार देश में सभी बेरोजगार युवाओं को 1500 रूपये प्रतिमाह बेरोजगारी भत्ता देने पर विचार कर रही थी लेकिन इस मामले में अभी तक कोई ठोस कदम शायद नहीं उठाया गया है।

बेरोजगारी भत्ता योजना को लेकर ना ही किसी प्रकार की कोई घोषणा हुई है और ना ही अभी इस प्रकार की किसी घोषणा को कोई आसार दिख रहे हैं। नरेंद्र मोदी सरकार के नेतृत्व में लगभग 56 महीनों में बहुत सारी सामाजिक कल्याणकारी सरकारी योजनाओं की शुरुआत हुई है लेकिन बेरोजगारी भत्ता के नाम पर किसी भी प्रकार की योजना अभी ठन्डे बस्ते में ही पडी हुई है।

सूत्रों के अनुसार केंद्र सरकार 1 फरवरी को 2017-18 के वित्तीय बजट में बेरोजगारों और गरीब लोगों के लिए बुनियादी आय योजना की घोषणा करने पर विचार कर रही थी लेकिन इस बारे में कोई घोषणा नहीं हुई। सरकार गरीबी को हटाने में इस योजना पर विचार कर रही थी और शायद 1 फरवरी 2017 के बजट पेश होने पर श्री अरुण जेटली द्वारा इस योजना की घोषणा की जा सकती थी लेकिन ऐसा नहीं हुआ।

इकनोमिक टाइम्स (Economic Times) की रिपोर्ट के अनुसार, सरकार बेरोजगारी भत्ता योजना से आने वाले समय में होने वाले भले और बुरे प्रभावो पर चर्चा कर रही थी क्योंकि ऐसी योजनाओं से सरकार पर वित्तीय बोझ और राजकोषीय घाटे (fiscal deficit) के संदर्भ में प्रभाव पड़ सकता है। सरकार सभी तर्क, वितर्क पर चर्चा और गहन विश्लेषण के बाद ही अंतिम निर्णय लेगी।

सरकार के अनुमान देश में लगभग 20 करोड़ (200 मिलियन) के लगभग गरीब लोग हैं और अगर 1500 रूपए प्रति माह इन लोगों को भत्ते के रूप में दिया जाये तो इससे सरकार पर 3 लाख करोड़ रुपए का बोझ और बढ़ जाएगा। इस योजना का लक्ष्य उन बेरोजगार लोगों को सहारा देना है जिनकी आय का कोई स्रोत नहीं है। बेरोजगारी भत्ता योजना में यह भी विचार किया जा रहा था कि योजना का पैसा महिलाओं के हाथ में दिया जाये जिससे वो पैसों का बेहतर तरीके से उपयोग कर सके।

नीति निर्माताओं (पालिसी मेकर्स) द्वारा SECC 2011 के डेटा और जन धन खातों के अनुसार लक्ष्य की पहचान की जा सकती है। ऐसी बुनियादी आय योजना गरीबों के लिए सहायक हो सकती है लेकिन इसे लागू करने में और सही लाभार्थी को इस योजना का लाभ पहुँचाना बेहद मुश्किल और चुनौतीपूर्ण साबित हो सकता है।

ऐसी सार्वभौमिक (Universal) बुनियादी आय योजनाएं दुनिया भर के कई देशों में लागू हैं। फिनलैंड (Finland) सरकार ने हाल ही में किसी को भी रोजगार की मांग के लिए एक बुनियादी आय योजना की घोषणा की है। ब्रिटेन सरकार (UK) भी बेरोजगारों के लिए निर्धारित भत्ता प्रदान करती है।

भारत के कई राज्यों में स्वतंत्र रूप से, गरीबों और बेरोजगार लोंगो के लिए ऐसी योजनाओं को चलाया जा रहा है। हरियाणा सरकार ने भी हाल ही में शिक्षित बेरोजगार युवाओं के लिए शुरुआत की है।

मासिक बेरोजगारी और गरीबी भत्ता योजना 2019

केंद्र सरकार की मासिक बेरोजगारी और गरीबी भत्ता योजना और अन्य कल्याणकारी योजनाओं के बारे में अधिक जानकारी के लिए आप सरकारी योजना वेबसाइट को चेक करते रहिये।

अगर आप बेरोजगारी भत्ता योजना के बारे में अपना कोई विचार रखना चाहते हैं तो नीचे कमेंट में लिखिए।

Related Content